(N/A) $\rightarrow$ वर्ग का नाम उनके रेंगने या घिसटकर चलने की विधि के कारण पड़ा है (लैटिन,$repere$ या $reptum$,रेंगना या घिसटना)।
$\rightarrow$ वे मुख्य रूप से स्थलीय प्राणी हैं और उनका शरीर शुष्क और शल्की त्वचा,एपिडर्मल शल्कों या स्कूट्स से ढका होता है।
$\rightarrow$ उनमें बाह्य कर्ण छिद्र नहीं होते हैं। $Tympanum$ (कर्णपटह) कान का प्रतिनिधित्व करता है।
$\rightarrow$ पाद,यदि उपस्थित हों,तो दो जोड़ी होते हैं।
$\rightarrow$ हृदय सामान्यतः तीन-कोष्ठीय होता है,लेकिन मगरमच्छ में चार-कोष्ठीय होता है।
$\rightarrow$ सरीसृप असमतापी (poikilotherms) होते हैं।
$\rightarrow$ सांप और छिपकलियां अपनी त्वचा को केंचुली के रूप में त्यागते हैं।
$\rightarrow$ लिंग अलग-अलग होते हैं (एकलिंगी)।
$\rightarrow$ निषेचन आंतरिक होता है।
$\rightarrow$ वे अंडज (oviparous) होते हैं और विकास प्रत्यक्ष होता है।
$\rightarrow$ उदाहरण: $Chelone$ (टर्टल),$Testudo$ (टॉरटॉइज),$Chameleon$ (वृक्ष छिपकली),$Calotes$ (गार्डन लिजर्ड),$Crocodilus$ (मगरमच्छ),$Alligator$ (एलिगेटर),$Hemidactylus$ (घरेलू छिपकली),विषैले सांप - $Naja$ (कोबरा),$Bangarus$ (करैत),$Vipera$ (वाइपर)।